एडमिशन से पहले यूजीसी की साइट पर ऐसे जाने यूनिवर्सिटी की हकीकत

मेरठ ( merut crime news ) इन दिनों देश में बहुत सी यूनिवर्सिटी आन लाइन दाखिले के लिए छात्रों को लोकलुभावने आफर दे रही हैं। अगर आप भी यूनिवर्सिटी में ऑनलाइन दाखिले के लिए आवेदन करने जा रहे हैं तो जरा यूजीसी ( UGC ) की वेबसाइट पर जाकर यूनिवर्सिटी की हकीकत भी जान लें। ऐसा हो सकता है कि जिस यूनिवर्सिटी में दाखिला लेने की आप सोच रहे हैं, बाद में वह फर्जी निकले।

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कोविड 19 के चलते सभी शैक्षणिक संस्थान बंद चल रहे हैं। कई शिक्षण संस्थानों ने ऑनलाइन दाखिला भी लेना शुरू कर दिया है। इस दाखिले के साथ कई फर्जी यूनिवर्सिटी और बोर्ड छात्रों को कई तरह के ऑफर देकर आकर्षित करने लगे हैं। ऐसे में फर्जी संस्थाओं को लेकर यूजीसी ने भी सतर्क है। इसी बीच सीसीएसयू ने अपने एडमिशन ब्राउजर में सभी मान्य बोर्ड और यूनिवर्सिटी की सूची जारी की है।

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सीसीएसयू में स्नातक और परास्नातक स्तर पर हर साल प्रवेश के दौरान कुछ ऐसे छात्र पकड़ में जाते हैं जो अमान्य बोर्ड या यूनिवर्सिटी से पढ़कर आते हैं। जांच में ऐसे छात्रों के प्रवेश को बाद में रद्द कर दिया जाता है। ऐसी गड़बड़ी आपके साथ ना हो इसलिए एडमिशन से पहले बोर्ड और यूनिवर्सिटी की मान्यता का पता लगा लें। इसके लिए सीसीएसयू ने अपने एडमिशन पोर्टल पर 55 बोर्ड और 1097 यूनिवर्सिटी, शिक्षण संस्थाओं की सूची दी है। ये सभी मान्य बोर्ड हैं। इनके अलावा अन्य बोर्ड से आने वाले छात्रों को प्रवेश नहीं मिलेगा।

देश में हैं इतने फर्जी विश्वविद्यालय :—
यूजीसी ने वर्ष 2020 में फर्जी विश्वविद्यालय की सूची जारी की है। इसमें 24 विश्वविद्यालय की सूची है जो फर्जी हैं। इसमें उत्तर प्रदेश और दिल्ली में सबसे अधिक हैं। क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी डा. राजीव गुप्ता का कहना है कि छात्रों को प्रवेश लेते समय यूजीसी की साइट जरूर देखनी चाहिए। अमान्य बोर्ड के ऑनलाइन एजुकेशन का भी कोई महत्व नहीं है। डा0 राजीव ने बताया कि एडमिशन लेने से पहले इनकी हकीकत के बारे में यूजीसी की साइट पर जाकर चेक कर लेना चाहिए।



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