राहुल गांधी ने दिया सचिन पायलट को एक और नया झटका, कह दी ऎसी बात की..... पढ़े पूरी खबर:

आपको बता दें कि गहलोत सरकार के द्वारा सचिन पायलट को नया नया झटका दिया जा रहा है सूत्रों के अनुसार पता चला है कि विधायकों की खरीद-फरोख्त और सरकार गिराने की साजिश के आरोप-प्रत्यारोपों के बीच प्रदेश कांग्रेस में अब सचिन पायलट के लिए सुलह के दरवाजे पूरी तरह बंद होते दिख रहे हैं। बुधवार को सचिन पायलट पर सीएम गहलोत की ओर से सरकार गिराने साजिश में शामिल होने के बड़े आरोप लगाने और सबूत होने के दावों के बाद कांग्रेस आलाकमान के यहां सचिन पायलट की पैरवी कर रहे नेताओं ने भी अब अपने कदम पीछे खींच लिए हैं। अशोक गहलोत के आरोपों के बाद किसी भी कांग्रेस नेता का कोई बयान जारी नहीं हुआ है। वहीं कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी के बयान के बाद भी ये तय हो गया है कि पार्टी में पायलट कैंप से बातचीत के रास्ते बंद हो गए हैं।

दरअसल, पिछले एक सप्ताह से चल रहे सियासी घटनाक्रम के बाद कांग्रेस का एक खेमा भले ही पायलट को पार्टी के साथ रखने का पक्षधर हो, लेकिन गहलोत खेमा नहीं चाहता था कि पायलट कैंप पार्टी के साथ बने रहें। सूत्रों की मानें तो दिल्ली में कई कांग्रेस नेताओं के जरिए सोनिया गांधी के यहां लॉबिंग करने की खबरों के बाद ही मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बुधवार को आक्रमक तेवर अपनाते हुए मीडिया के समक्ष सचिन पायलट पर आरोपों की झड़ी लगाते हुए सरकार गिराने के मामले में सबूत होने की बात कही थी।

वहीं इस मामले में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को प्रदेश प्रभारी अविनाश पांडे का भी खूब साथ मिला। इस पूरे सियासी घटनाक्रम के दौरान प्रदेश प्रभारी अविनाश पांडे सीएम गहलोत के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े रहे और गहलोत की हर एक बात का समर्थन मिला। वहीं दूसरी ओर से कांग्रेस पार्टी के साथ ही सरकार को भी 17 जुलाई का इंतजार है। विधानसभा अध्यक्ष की ओर से 19 विधायकों का नोटिस का जवाब देने लिए कल आखिरी दिन है। सभी को इसका इंतजार है कि बागी विधायक अपने जवाब में क्या कहते हैं। माना जा रहा है कि गहलोत सरकार इसके बाद ही नई रणनीति की रूपरेखा तैयार करेगी।

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