मेरठ के डीएम पर गिरी सीएम योगी की गाज, इन मामलों को लेकर हुई बड़ी कार्रवाई

मेरठ. मेरठ के डीएम रहे अनिल ढींगरा पर भाजपा सरकार की निगाहें टेड़ी हो गई है। उन्हें जिलाधिकारी पद से हटा दिया गया है और प्रतीक्षा सूची में डाल दिया गया है। आईएएस अनिल ढींगरा ने अपने ढाई साल के कार्यकाल में मेरठ में कई प्रोजेक्ट को गति दी तो कई मामलों में विवादित भी रहे। तेल का खेल हो या फिर एनसीईआरटी की नकली किताबों का मामला या फिर कोरोना संक्रमण रोकने में प्रशासनिक नाकामी। इन सभी मामलों को लेकर डीएम डीएम अनिल ढींगरा योगी सरकार के निशाने पर आ गए थे।

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बता दें कि देर रात जिन आईएएस अधिकारियों के तबादले हुए हैं। उनमें मेरठ डीएम के अलावा इटावा के जिलाधिकारी जितेंद्र बहादुर सिंह, सीतापुर के जिलाधिकारी अखिलेश तिवारी, ललितपुर के जिलाधिकारी योगेश कुमार शुक्ला, सुल्तानपुर की जिलाधिकारी सी.इंदुमति, गाजीपुर के जिलाधिकारी ओम प्रकाश आर्या और मऊ के जिलाधिकारी रहे ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी को हटाकर प्रतीक्षा सूची में डाल दिया गया है। योगी सरकार ने शुक्रवार देर रात 15 आईएएस अफसरों के तबादले कर दिए हैं। वहीं आठ जिलों में नए जिलाधिकारी तैनात किए गए हैं। इनमें से सात जिलों के डीएम को हटाते हुए उन्हें प्रतीक्षारत कर दिया गया है। जिन जिलों में नए जिलाधिकारी तैनात किए गए हैं, उनमें मेरठ, इटावा, सीतापुर, ललितपुर, गाजीपुर, मऊ, संतकबीरनगर और सुल्तानपुर शामिल हैं। इसी कड़ी में पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम वाराणसी के एमडी रहे के. बालाजी को मेरठ, यूपी मेडिकल सप्लाईज कारपोरेशन लखनऊ की एमडी श्रुति सिंह को इटावा का जिलाधिकारी बनाया गया है।

इसी क्रम में विशेष सचिव एवं स्टाफ अफसर मुख्य सचिव तथा अपर निदेशक प्रशासन राजस्व विशिष्ट अभिसूचना/अपर आवास आयुक्त उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद लखनऊ विशाल भारद्वाज को सीतापुर, विशेष सचिव नमामि गंगे तथा ग्रामीण जलापूर्ति विभाग ए. दिनेश कुमार को ललितपुर, सचिव लखनऊ विकास प्राधिकरण मंगला प्रसाद सिंह को गाजीपुर, उपाध्यक्ष मेरठ विकास प्राधिकरण राजेश कुमार पांडेय को मऊ, उपाध्यक्ष बरेली विकास प्राधिकरण दिव्या मित्तल को संत कबीर नगर और संत कबीर नगर के जिलाधिकारी रवीश गुप्ता को सुल्तानपुर का जिलाधिकारी बनाया गया है।

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