रामगढ़ झील वेटलैंड से अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर चमकेगा गोरखपुर, फरवरी में होगा इंटरनेशनल बर्ड फेस्टिवल

पत्रिका न्यूज नेटवर्क

गोरखपुर. योगी सरकार में तेजी से विकास कर रहा गोरखपुर अब विश्व पर्यटन के मानचित्र पर भी अपनी जगह बनाएगा। यहां अंतर्राष्ट्रीय स्तर के पर्यटक आएंगे। योगी सरकार गोरखपुर को ईको टूरिज्म का हब बनाने में जुटी है। इसके लिये हर कवायद की जा रही है। शहीद अशफाकुल्लाह खां प्राणी उद्यान नए साल से शुरू हो जाएगा और रामगढ़ झील को भी सूबे का पहला वेटलैंड घोषित कर दिया गया है। इससे यह देश ही नहीं दुनिया में पर्यटन के नक्शे पर पहचाना जाएगा। अब सरकार फरवरी महीने में गोरखपुर में इंटरनेशनल बैड फेस्टिवल का आयोजन कराने जा रही है। इस फेस्टिवल में अंतर्राष्ट्रीय पर्यटक और बर्ड वाचर बर्ड वाचिंग और गोरखपुर झील देखने के लिये आएंगे। वन विभाग के अधिकारियों को इस आयोजन को मूर्त रूप देने के निर्देश दिये जा चुके हैं।

 

इको टूरिज्म पर जोर

प्रदेश सरकार का ईको टूरिज्म पर जोर है। गोरखपुर और इसके आसपास के तराई इलाके में ईको टूरिज्म की ढेरों संभावनाएं हैं। योगी सरकार ने भी इसको ध्यान में रखकर कई प्रोजेक्ट शुरू किये हैं। महाराजगंज में प्रदेश का पहला और देश का अकेला रेड हेडेड वल्चर ब्रीडिंग और कंजरवेशन पार्क बनाया जा रहा है। गोरखपुर में पूर्वांचल का पहला प्राणी उद्यान हो या फिर रामगढ़ ताल परियोजना सब इसी का हिस्सा है। वन मंत्री दारा सिंह चौहान ने कहा है कि नए साल में प्राणी उद्यान को तोहफा पूर्वांचल को मिल जाएगा। प्राणी उद्यान को इतना खुबूसूरत बना रहे कि कुशीनगर आने वाला कोई भी पर्यटक निश्चित तौर पर गोरखपुर का चिड़ियाघर घूमने आएगा। वन मंत्री ने टाइगर साइटिंग के लिए दुधवा (लखीमपुर खीरी पलियां कला), कतर्नियाघाट (बहराइच) और चुका टाइगर रिजर्व (पीलीभीत) में भ्रमण के लिए गोरखपुर के नागरिकों को आमंत्रित किया है। उन्होंने इको टूरिजन्म के ब्रांडिंग पर भी जोर दिया है।

 

गोरखपुर में इंटरनेशनल बर्ड फ्रेस्टिबल की घोषणा का स्वागत

वन्यजीव एवं पर्यावरण के क्षेत्र में काम कर रही संस्था हेरिटेज फाउडेंशन के ट्रस्टी नरेंद्र कुमार मिश्र एवं अनिल कुमार त्रिपाठी ने वन मंत्री दारा सिंह की घोषणा का पुरजोर स्वागत किया है। उन्होंने कहा है कि इस आयोजन से पूर्वांचल में इको टूरिज्म के प्रति पयर्टकों का रुझान बढ़ेगा। हेरिटेज एवियंस की एश्वर्या शाही कहती हैं कि टर्टल और क्रोकोडाइल कंजरवेशन एण्ड ब्रीडिंग सेंटर, 50 हेक्टेयर में सिटी फॉरेस्ट, प्राणी उद्यान, विनोद वन मिनी जू, महराजगंज में सोहगीबरवा, रेड हेडेड वल्चर का देश का पहला ब्रीडिंग एवं कंजरवेशन सेंटर, रामगढ़झील, बखिरा झील समेत अनेक स्थल हैं जिनकी ब्रांडिंग होगी और इको टूरिज्म के प्रति लोगों का रुझान बढ़ेगा।


30 करोड़ पौधे लगाकर तोड़ेंगे अपना रिकाॅर्ड

गोरखपुर पहुंचे वन वन मंत्री दारा सिंह चौहान ने दावा किया है कि अगले वर्ष 30 करोड़ पौधे लगाकर उनकी सरकार अपना ही रिकाॅर्ड तोड़ेगी। इस साल मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में एक दिन में 25 करोड़ पौधे लगाकर यूपी पहले ही इतिहास रच चुका है। हालांकि उन्होंने कहा है कि जनसहयोग के बिना इसमें सफलता हासिल नहीं होगी। पर्यावरण संरक्षण के लिए पौधरोपण सबसे ज्यादा जरूरी है।

 

प्रदेश में बढ़ा वन क्षेत्र का दायरा

ईको टूरिज्म के लिये कुदरती वन और झीलें आदि बेहद जरूरी हैं। वन मंत्री दारा सिंह ने दावा किया है कि उत्तर प्रदेश में वन क्षेत्र 6 प्रतिशत से भी कम था जो अब बढ़ कर 9 फीसदी हो गया है। उन्होंने कहा कि 15 से 20 साल पुराने पेड़ को काटने के बजाए अब ‘ट्री प्रत्यारोपण’ पर जोर दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश के अनुसार एक पेड़ के बदले 10 पेड़ लगाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा है कि रामगढ़ ताल गोरखपुर को दिया हुआ प्रकृति का नायाब तोहफा है। आलीशान बिल्डिंग तो बना सकते हैं लेकिन ऐसा ताल बना पाना अकल्पनीय और असंभव है। जल्द ही रामगढ़ ताल नोटिफाइड वेटलैंड भी बन जाएगा।



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