यूपी में वाहन चालकों को बड़ी राहत, फास्टैग अनिवार्यता की बड़ी डेडलाइन, 15 फरवरी तक टोल नहीं लिया जाएगा कैश

लखनऊ. उत्तर प्रदेश में एक जनवरी, 2021 से सभी गाड़ियों के ड्राइवर्स के लिए अनिवार्य की गई फास्टैग की डेडलाइन को फिलहाल 15 फरवरी के लिए आगे बढ़ा दिया गया है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) के फास्टैग व्यवस्था लागू करने के निर्णय से स्थानीय अधिकारी परेशानी में थे। ऐसा इसलिए क्योंकि टोल प्लाजा पर 40 प्रतिशत टैक्स अभी भी कैश में आता है। इसके अलावा, कैमरों और नेटवर्क की दिक्कतें भी कहीं न कहीं लगातार बनी रहती है, जिस कारण फास्टैग की स्कैनिंग सही से नहीं हो पा रही। ऐसे में पूरे सिस्टम को कैशलेस करना थोड़ा मुश्किल हो जाता है। इस समस्या के निस्तारण के लिए फास्टैग की डेडलाइन बढ़ाने के साथ ही हैंड हेल्ड मशीनें उपलब्ध कराई जा रही हैं।

अलग-अलग रंगों से अलग-अलग कोड

फास्टैग वॉलेट बैलेंस के लिए अलग-अलग रंग व कोड तय किए गए हैं। जैसे ग्रीन कलर से पता चलता है कि बैलेंस काफी है। ऑरेंज कलर का मतलब बैलेंस बढ़ाने की जरूरत है। वहीं अगर रेड कलर है तो इसका मतलब है कि ये ब्लैकलिस्ट में चला गया है और इसे तुरंत रिचार्ज करने की जरूरत है। ऑरेंज कलर कोड होने पर आप मोबाइल ऐप के जरिए इसे तुरंत रिचार्ज कर सकते हैं। अगर आप टोल प्लाजा पर हैं तो यहां पर भी पॉइंट ऑफ सेल (PoS) पर तत्काल रिचार्ज की सुविधा दी गई है।

गाड़ी के नंबर से चेक करें बैलेंस

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकारण ने फास्टैग से जुड़ी सुविधाओं को बेहतर करने के लिए मोबाइल एप्लिकेशन माय फास्टैग ऐप (My FASTag App) में बैलेंस चेक करने का नया फीचर जोडा है। आपको बैलेंस चेक करने के लिए बस अपनी गाड़ी का नंबर डालना होगा। इससे आपको तुरंत बैलेंस पता चल जाएगा।

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