UP Board ने किया बड़ा बदलाव, अब साल में दो बार होगी 10वीं और 12वीं की परीक्षा

पत्रिका न्यूज नेटवर्क

मेरठ। नई शिक्षा नीति के तहत अब प्रदेश की माध्यमिक शिक्षा में बड़ा बदलाव किया गया है। इस बदलाव के तहत अब हाईस्कूल और इंटर यानी 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं साल में दो बार आयोजित की जाएगी। यूपी बोर्ड ने इसकी पूरी तैयारी कर ली है। यह परीक्षाएं आगामी 2023 के सत्र से चालू हो जाएंगी। यानी वर्ष 2023 में हाईस्कूल और इंटर के परीक्षार्थियों के लिए यह पहला मौका होगा जबकि वे दो बार बोर्ड की परीक्षा देगें। बोर्ड का मानना है कि साल में दो बार बोर्ड परीक्षा होने से विद्यार्थियों को ऐसे विषयों में नंबर बढ़ाने का मौका मिलेगा, जिनमें उन्हें कम अंक आते हैं या जिसमें कमजोर होते हैं।

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माध्यमिक शिक्षा विभाग के क्षेत्रीय कार्यालय मेरठ के क्षेत्रीय सचिव राणा सहस्त्राशु सुमन ने बताया कि बोर्ड के सभी विद्यार्थियों को एक समान रूप से साल में दो परीक्षा देने का मौका दिया जाएगा। इस नए पैटर्न से छात्र बिना किसी तनाव के परीक्षा दे सकेंगे। इससे छात्रों में कोचिंग के प्रति रुझान कम होगा। एक बार परीक्षा अपने निर्धारित समय पर होगी और दूसरी बार विद्यार्थियों के परीक्षाफल में सुधार के लिए होगी। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत यह बदलाव किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि राजकीय माध्यमिक स्कूलों में कक्षा नौ से कक्षा 12 तक के विद्यार्थियों को अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाने की भी व्यवस्था की जाएगी। माध्यमिक स्कूलों में एक सेक्शन अंग्रेजी माध्यम का खोला जाएगा।

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उन्होंने बताया कि यूपी बोर्ड परीक्षा का पैटर्न भी बदलेगा। हाईस्कूल की परीक्षा का वर्ष 2023 और इंटरमीडिएट की परीक्षा का वर्ष 2025 से पैटर्न बदला जाएगा। कक्षा नौ के विद्यार्थियों के लिए नया पैटर्न 2021-22 से ही लागू होगा। प्रश्नपत्र दो भाग में होगा। पहला पेपर एक घंटे का होगा। इस प्रश्नपत्र में 30 प्रश्न बहुविकल्पीय होंगे और इनकी परीक्षा ओएमआर शीट पर कराई जाएगी। दो घंटे का दूसरा प्रश्नपत्र वर्णनात्मक होगा। यह 70 अंक का होगा। इन प्रश्नपत्रों में उच्चतर चिंतन कौशल के प्रश्न भी रखे जाएंगे।