ताे लंबा चलेगा किसान आंदोलन, गाजीपुर बॉर्डर पर पहुंचने लगे कूलर और पंखे

पत्रिका न्यूज नेटवर्क

मेरठ. कृषि कानूनों को लेकर हो रहे किसान आंदोलन का प्रदर्शन गाजीपुर बॉर्डर और सिंघु बॉर्डर पर किसानों की हलचल तेज होती जा रही है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश से गाजीपुर बार्डर और पांजाब-हरियाणा से सिंघु बार्डर पर किसान ट्रैक्टर -ट्राली लेकर हर राेज पहुंच रहे हैं।

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इसी बीच गर्मी के मौसम को देखते हुए किसानों ने अपनी ट्रालियों में पंखे और छोटे कूलर भी लगाना शुरू कर दिया है। सिंघु बार्डर प्रदर्शन स्थल पर सुनसान हुए पंडाल, लंगर और मंच की रौनक लौटने लगी है। ठंड के बाद गर्मी से बचने के लिए भी किसानों ने खास तैयारियां शुरू कर दी हैं। इससे साफ है कि अभी किसानाें का आंदाेलन लंबे समय तक चलने वाला है।

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गाजीपुर बॉर्डर पर मेरठ और पश्चिमी उत्तर प्रदेश से आए किसानों ने बताया कि प्रदर्शनस्थल पर गर्मी से बचने के सभी इंतजाम किए जा रहे हैं। ठंड के चलते हर जगह से बंद किए गए पंडाल को खोला जा रहा है ताकि ताजी हवा लोगों को मिलती रहे और गर्मी से राहत मिल सके। किसानों को हर समय ठंडा पानी मिलता रहे इसके लिए हर जत्थे में ठंडे पानी के जार और ठंडे पानी की बोतलें पहुंचाने की व्यवस्था शुरू हो गई है।

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मेरठ से किसान नेता नवीन प्रधान ने बताया कि गर्मी के चलते किसानों ने अपने ट्रैक्टर और ट्रालियों में कूलर और लटकने वाले पंखे लगाना शुरू कर दिया है। बड़ी संख्या में किसान हमारे पास कूलर और पंखों की मांग लेकर पहुंच रहे हैं। किसानों को पंखे और छोटे कूलर उपलब्ध करवाने के लिए सर्वे करना शुरू कर दिया हैं। सर्वे पूरा होने के बाद किसानों को पंखे और कूलर उनके जत्थों के लिए उपलब्ध करवाएंगे। किसान नेता रविंद्र राणा के अऩुसार करीब एक हजार छोटे कूलर तैयार हाे चुके हैं। तैयार कूलर को धरनास्थल तक पहुंचाए जाने की तैयारियां चल रही हैं।

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प्रदर्शन स्थल पर दोबारा से किसानों की भीड़ बढ़ने के बाद सभी जगह की लंगर सेवा फिर से शुरू हो गई है। इसके अलावा जगह-जगह किसानों के जत्थों को भी पहले की तरह खाना खिलाना शुरू कर दिया है। किसानाें की इस तैयारी काे देखकर सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है कि आंदाेलन अभी और लंबा चलने वाला है।