देशभक्ति और त्याग का पर्याय है अर्जुन सिंह का व्यक्तित्व, नई पीढ़ी ले प्रेरणा: यशवंत सिंह

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
आजमगढ़. लोकतंत्र सेनानी कल्याण समिति के संरक्षक विधान परिषद सदस्य यशवन्त सिंह ने कहा है कि वरिष्ठ स्वतन्त्रता संग्राम सेनानी कैप्टन अर्जुन सिंह का व्यक्तित्व व कृतित्व देशभक्ति और त्याग का पर्याय है। नई पीढ़ी उनके व्यक्तित्व और कृतित्व से प्रेरणा लेनी चाहिए तथा राष्ट्र निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करनी चाहिए।

कैप्टन अर्जुन सिंह स्मृति द्वार के लोकार्पण के बाद सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भारत के स्वतन्त्रता संग्राम में अविस्मरणीय योगदान को लेकर 1940 में फूलपुर में आयोजित जनसभा में स्वतन्त्रता संग्राम के अद्वितीय महानायक नेता जी सुभाष चन्द्र बोस ने बाबू अर्जुन सिंह को स्वतन्त्रता संग्राम के कैप्टन की उपाधि दी थी। यह उपाधि उनकी देशभक्ति का जीवन्त प्रमाण है। बाबू अर्जुन सिंह ने स्वतन्त्रता के बाद भी अपने योगदान के बदले कुछ लेने की जगह समाज को हर दिन कुछ न कुछ दिया। यह त्याग उनके व्यक्तित्व को और अधिक वन्दनीय बनाता है।

यशवंत सिंह ने कहा कि यह स्मृति द्वार उनकी देशभक्ति और त्याग को समाज के हर वर्ग को याद दिलाएगा। इसे देखकर लोग उनके दिखाए रास्ते पर चलने के लिए प्रेरित होंगे। यह ईश्वर की कृपा है कि देश को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का नेतृत्व मिला है। किसान आर्थिक रूप से समृद्ध और आत्मनिर्भर बने इसके लिए सरकार कृषि विधेयक लेकर आयी है। किसान इसका लाभ उठाए और आत्मनिर्भर बनें।यह समय आन्दोलन करने का नहीं, भारत को समृद्ध और सशक्त बनाने का है। अपनी मेहनत और ईमानदारी से जो जहां है, वहीं से मोदी और योगी के इस पवित्र प्रयास में सहयोग करे।

अध्यक्षता नामवर सिंह और संचालन केसरी सिंह टाइगर ने किया। इस अवसर पर अशोक पांडेय, ज्ञानेंद्र सिंह ज्ञानू, रन्तदेव सिंह, जितेंद्र शर्मा, शंकर यादव, अवधू यादव, रविन्द्र सिंह, सुनील कुमार सिंह, कृष्णपाल, रामसागर सिंह, हरेंद्र सिंह, लालबहादुर सिंह और चंचल चैबे आदि मौजूद थे।

BY Ran vijay singh