प्रधान पद के उम्मीदवारों की खर्च सीमा तय, नामांकन पत्र की बिक्री आज से शुरू

पत्रिका न्यूज नेटवर्क
लखनऊ. उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने पंचायत चुनाव में उम्मीदवारों के लिए चुनाव खर्च की सीमा निर्धारित कर दी है। उससे अधिक खर्च करने पर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही सभी पदों के लिए जमानत राशि भी निर्धारित कर दी गई है। यूपी में 15 अप्रैल को पहले चरण में ग्राम पंचायत सदस्य, ग्राम प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य और जिला पंचायत सदस्य का चुनाव होगा। इन पदों पर चुनाव लडऩे वालों को खर्चे का पूरा ब्यौरा निर्वाचन अधिकारी को देना होगा। राज्य चुनाव आयोग से जारी निर्देश के अनुसार प्रधान पद के दावेदार चुनाव प्रचार में 75 हजार रुपये से अधिक खर्च नहीं कर सकेंगे। इतनी ही धनराशि क्षेत्र पंचायत सदस्य (बीडीसी) के लिए भी निर्धारित की गई है। जबकि, जिला पंचायत सदस्य के लिए यह सीमा 1.50 लाख रुपये कर दी गई है। वहीं, ग्राम पंचायत सदस्य के लिए दस हजार रुपए ही निर्धारित की गई है।

यूपे के हर जिले के विकास खंड कार्यालयों से शनिवार से पर्चा (नामांकन पत्र) की बिक्री शुरू हो जाएगी। सभी पदों के लिए नामांकन पत्र की अलग-अलग दर निर्धारित की गई है। ग्राम पंचायत सदस्य को नामांकन पत्र 150 रुपए में, प्रधान और बीडीसी को 300 रुपए में और जिला पंचायत सदस्य को 500 रुपए में मिलेगा। एससी, ओबीसी और महिला वर्ग के उम्मीदवारों को नामांकन पत्र आधे दामों पर मिलेगा। वहीं चुनाव लडऩे वाले प्रत्याशियों को जमानत राशि जमा करनी होगी। सदस्य के लिए जमानत राशि पांच सौ रुपये निर्धारित की गई है। प्रधान और बीडीसी को दो हजार रुपये जमानत राशि देना होगा। जबकि जिला पंचायत सदस्य को चार हजार रुपये जमा करना होगा। जमानत राशि नगद भी जमा कराई जा सकती है।

नामांकन पत्र की बिक्री शुरू

अगर प्रत्याशी इसे चालान के माध्यम से बैंक में जमा करवाते हैं तो निर्वाचन अधिकारी को इसकी रसीद देनी होगी। पर्चा भरते समय कोई गड़बड़ी न हो, इसलिए सभी प्रत्याशियों को इस मामले बहुत सावधानी बरतनी होगी। इस बार प्रत्याशियों को चार सेट में पर्चा भरने की छूट दी गई है। अधिसूचना जारी होने के अगले दिन से सभी ब्लाकों में नामांकन पत्रों की बिक्री शुरू हो गई है।