पीएम मोदी की मीटिंग के बाद ममता बनर्जी ने लगाये आरोप, कहा ‘हमको बोलने नहीं दिया गया’

कोरोना की दूसरी लहर ने हाहाकार मचा रखा है. जिस वजह से देश में तनाव का माहौल बना हुआ है. वही दूसरी तरफ हर दिन लाखो की संख्या में नए नए मामले सामने आ रहे है. साथ ही मरने वालों का आंकड़ा भी दिन पर दिन बढ़ता जा रहा है. जिस वजह से सरकार की भी चिंता बढ़ी हुई है. वही अब गाँवों में भी कोरोना का खतरनाक असर देखने को मिल रहा है.

वही पीएम मोदी ने आज यानी गुरुवार को जिलाधिकारियों के साथ मीटिंग की. बता दें कि इस बैठक में 10 राज्यों के DM ने हिस्सा लिया. हालाँकि इस मीटिंग में पश्चिम बंगाल का कोई भी DM शामिल नहीं हुआ. वही पीएम की मीटिंग के बाद बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने प्रेस कांफ्रेस की. इस दौरान ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि बैठक में दस राज्यों के सीएम मौजूद थे. जब बतौर सीएम मैं वहां पर थीं तो हमने डीएम को वहां शामिल नहीं होने दिया. 

इतना ही नहीं ममता बनर्जी ने ये भी आरोप लगते हुए कहा कि सिर्फ बीजेपी के कुछ सीएम और पीएम मोदी ने अपनी बात रखी, हमको बोलने नहीं दिया गया. सभी मुख्यमंत्री सिर्फ चुपचाप बैठे रहे, किसी ने कुछ नहीं कहा. हमको वैक्सीन की डिमांड रखनी थी, लेकिन बोलने ही नहीं दिया गया. इसके अलावा बता दें कि ममता बनर्जी ने कहा कि केंद्र सरकार ने संघीय ढांचे को नुकसान पहुंचाया है. ऑक्सीजन, दवाई, वैक्सीन कुछ भी उपलब्ध नहीं है. अगर केंद्र के फॉर्मूले पर चले तो इनके लिए दस साल इंतज़ार करना होगा. बंगाल में टीकाकरण की स्पीड इसलिए धीमी है, क्योंकि वैक्सीन नहीं मिल रही हैं, हमने 60 करोड़ रुपये की वैक्सीन निजी स्तर पर खरीदीं हैं.न्जनकारी के लिए बता दें कि ममता बनर्जी कई बार सरकार को वैक्सीन के मामले पर घेरती आई है और ऐसा पहले बार नहीं हुआ है. जब पीएम मोदी या केंद्र सरकार कि तरफ से की गयी मीटिंग में वो शामिल हुई हो.