देवेंद्र फडणवीस का सोनिया गाँधी पर करारा हमला, चिट्ठी लिखते हुए कहा ‘ये पब्लिक है सब जानती है, ये वक़्त…’

देश में कोरोना की दूसरी लहर के कहर के बीच राजनीति भी पूरे जोर शोर से चल रही है. कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गाँधी, अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गाँधी और कांग्रेस शासित राज्यों के मुख्यमंत्री केंद्र सरकार पर हमले का कोई मौका नहीं छोड़ रहे. राहुल खुद सोनिया गांधी कई बार चिट्ठी लिख कर मोदी सरकार पर निशाना साध चुकी हैं. अब महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सोनिया गाँधी को चिट्ठी लिख कर उनपर करारा हमला बोला है और कहा है कि ये पब्लिक है सब जानती है. इसलिए इस वक़्त राजनीति छोड़ें और जनता के साथ खड़े हों.

देवेंद्र फडणवीस ने अपनी चिट्ठी में लिखा है, ‘हाल ही में सोनिया गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेजे कुछ पत्र एवं कांग्रेस नेताओं के बयान पढ़ने में आए. ऐसा मुझे प्रतीत हुआ है शायद कुछ मुद्दें आपके ध्यान में नहीं लाये गये. बस केवल उन्हीं बातों को आपके सम्मुख रखना इस पत्राचार का औचित्य है. कई महीनों से हम सब कोरोना की महामारी का सामना कर रहे हैं. ऐसे में कई सवाल देश की स्थिति पर उठाए गए. यह तो आपके संज्ञान में होगा ही कि, समूचे देश की स्थिति का विचार हम इस महामारी के परिपेक्ष्य में करते है तब महाराष्ट्र की स्थिति को कतई नजर अंदाज नहीं किया जा सकता.’

देवेंद्र फडणवीस ने इस चिट्ठी मे आगे लिखा, ‘अगर हम 13 मई 2021 की बात करें तो देश के कुल कोरोना संक्रमण में 22 प्रतिशत संक्रमण का प्रमाण महाराष्ट्र का ही है, जो कई महीनों तक 30 प्रतिशत से भी अधिक रहा. देश की कुल मौतों में महाराष्ट्र का प्रतिशत आज भी 31 फीसदी के करीब है. अगर सक्रिय रोगी की बात करें तो 14 प्रतिशत अकेले महाराष्ट्र में है. यदि महाराष्ट्र के हालात में जल्द सुधार होता है तो देश के उपलब्ध संसाधनों पर दबाव कम होगा और इस संकट का हम पूरी ताकत के साथ मुकाबला कर सकेंगे.’

महाराष्ट्र सरकार की तरफ से केंद्र पर लगाये गए पक्षपात के आरोपों पर चिट्ठी में टिप्पणी करते हुए देवेंद्र फडणवीस ने आगे लिखा, ‘जैसा कि आप जानती हैं कि महाराष्ट्र में भारतीय जनता पार्टी की सरकार नहीं है, फिर भी केंद्र की मोदी सरकार पूरी ताकत के साथ महाराष्ट्र की जनता के साथ खड़ी रही. देश भर में जो भी राहत और सहायता उपलब्ध कराई गई उसमें महाराष्ट्र को सबसे ज्यादा मदद मिली है. महाराष्ट्र को 1.80 करोड़ वैक्सीन दी गयी, 8 लाख से अधिक रेमडेसिविर महाराष्ट्र को प्राप्त हुईं. अगर ऑक्सीजन की बात करें तो करीब 1750 मेट्रीक टन की आपूर्ति हो रही है. वेंटीलेटर्स, BiPAP तथा ऑक्सीजन कॉन्सेन्ट्रेटर भी बड़े पैमाने पर दिये गए हैं लेकिन अपनी नाकामी छुपाने के लिए कई नेता मोदी सरकार पर टिप्पणी करने को ही अपना अंतिम लक्ष्य समझते हैं.’

चिट्ठी में उन्होंने आगे लिखा, ‘केंद्र की सरकार पर टिप्पणी करते वक्त जहां आपकी या आपकी समर्थन से चलने वाली सरकारें जिन राज्यों में है, वहां क्या चल रहा है, इसके बारे में भी आपको जानकारी होनी चाहिए. आशा है की महाराष्ट्र की यह स्थिति आपके सम्मुख आयी होगी. यह समय राजनीति करने का बिल्कुल नहीं है बल्कि जनता के साथ एकजुटता से खड़े होने का है. हमारी अपेक्षा है कि अपनी सरकारों को भी आप उचित नसीहत देंगी.’