ऑक्सीजन की नहीं होगी कमी, देश में 80 Oxygen Plant लगाने के लिए Google देगा 113 करोड़ रुपये

गूगल ऑक्सीजन प्लांट

गूगल ऑक्सीजन प्लांट

नई दिल्ली। देश में कोरोना वायरस को लेकर कुछ राहत भरी खबर है। लगभग हर राज्य में संक्रमितों की संख्या में कमी दर्ज की जा रही है। लेकिन अभी भी यह घातक बीमारी पूरी तरह से खत्म नहीं हुई है। अभी भी कोरोना की तीसरी लहर का खतरा मंडरा रहा है। ऐसे में भविष्य में इस बीमारी से लड़ने के लिए देश भर में तैयारियां चल रही हैं। इस कोरोना काल की दूसरी लहर में कई विदेशी कंपनियों ने अपना सहयोग दिया है। अब प्रौद्योगिकी क्षेत्र की प्रमुख कंपनी गूगल (Google) ने गुरुवार को कहा कि उसकी परोपकार शाखा गूगल डॉट ऑर्ग विभिन्न संगठनों के साथ मिलकर देश में 80 ऑक्सीजन संयंत्रों (Oxygen Plants) की खरीद और स्थापना तथा ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य कर्मचारियों (Health Workers) के कौशल विकास (Kaushal Vikas) में मदद के लिए 113 करोड़ रुपये (1.55 करोड़ डॉलर) का अनुदान देगी।

गूगल डॉट ऑर्ग इस घोषणा के तहत 80 ऑक्सीजन संयंत्रों की स्थापना के लिए गिवइंडिया (Giveindia) को करीब 90 करोड़ रुपये और पाथ को करीब 18.5 करोड़ रुपये देगी। इसके साथ ही ग्रामीण स्वास्थ्य प्रणालियों को मजबूत करने के लिए अपोलो मेडस्किल्स (Apollo Mediskills) के जरिए कोविड-19 प्रबंधन में 20 हजार अग्रणी स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया जाएगा। इसके लिए गूगल डॉट ऑर्ग भारत के 15 राज्यों में 180,000 आशा कार्यकर्ताओं और 40,000 एएनएम के कौशल विकास के लिए 3.6 करोड़ रुपये (पांच लाख अमरीकी डॉलर) का अनुदान अरमान को देगा।

अरमान इस अनुदान के इस्तेमाल से आशा और एएनएम को अतिरिक्त सहायता और सलाह प्रदान करने के लिए कॉल सेंटर की स्थापना भी करेगा। गूगल इंडिया के कंट्री हेड और उपाध्यक्ष संजय गुप्ता ने कहा कि गूगल में हमने इस बात पर ध्यान दिया कि लोगों के पास सुरक्षित रहने के लिए जरूरी जानकारी और उपकरण हों।