किसान आंदोलन की बढ़ी रफ्तार, हजारों किसानो ने राजधानी दिल्ली की ओर बढ़ाया कदम

देश में कोरोना महामारी के कारण ऐसे ही सब कुछ मंद गति से चल रहा हैं. कोरोना महामारी की दूसरी लहर ने देश को बहुत ही बुरी तरह से तोड़ के रख दिया है. अभी कुछ दिन पहले से ही कोरोना संक्रमण का कहर थमने लगा है. इस बीच जैसे ही कोरोना संक्रमण की गति धीमी हुई है वैसे ही नए कृषि कानून के खिलाफ किया जा रहा किसान आंदोलन फिर से रफ्तार पकड़ लिया है.

बता दें कि राजधानी दिल्ली के बॉर्डर पर किसान धरने पर बैठे हैं. इतना ही नहीं आंदोलन को रफ्तार देने के लिए हजारों की संख्या में किसान पानीपत से राजधानी दिल्ली की ओर तेजी से बढ़े जा रहे हैं. हजारों की संख्या में किसानो का अचानक से राजधानी दिल्ली आने का कारण ये है कि किसान नेता गुरनाम सिंह ने किसानों से 10 जून यानि आज दिल्ली चलो का आवाहन किया था. इसी के बाद से हजारो किसान अपना समर्थन देने के लिए राजधानी दिल्ली की रुख कर लिए हैं.

इतने बड़ी संख्या में किसानो का राजधानी दिल्ली में पहुंचना अच्छा संकेत नहीं है. देश अभी 26 जनवरी गणतंत्र दिवस के दिन हुई हिंसा को भूल नहीं पाया है. कि अपने ही तिरंगे के साथ इस तरह का बर्ताव करना कोई भूलने वाली बात नहीं है. इसी घटना को ध्यान में रखते हुए दिल्ली पुलिस ने अपनी फोर्स को किसी भी स्थिति का सामना करने के लिए सावधान रहने के लिए कहा है. बता दें कि दिल्ली पुलिस को इंटेलिजेंस इनपुट मिला है कि किसान राजधानी दिल्ली में भी घुसने की कोशिश कर सकते हैं. इस वजह से दिल्ली पुलिस पूरी तरह से सतर्क है.