राजस्थान में गहलोत सरकार की फिर बढ़ी मुश्किलें, अब निर्दलीय और बसपा विधायकों ने खोला मोर्चा, जानिए क्या है मांग

राजस्थान में गहलोत सरकार की मुश्किलें कम होने का नाम नही ले रही हैं. एक तरफ़ तो पायलट गुट पिछले काफ़ी समय से नाराज़ चल रहे हैं वहीं अब पार्टी के 23 और विधायकों ने सरकार के ख़िलाफ़ मोर्चा खोल दिया है और अपना हिस्सा मांग रहे हैं. कांग्रेस पार्टी को कई राज्यों में बड़ी मुश्किल का सामना करना पड़ रहा है.

जानकारी के लिए बता दें राजस्थान की सरकार पर सियासी संकट के बादल छाए हुए हैं. अब BSP से कांग्रेस में आए और कुछ निर्दलीय विधायकों ने भी मोर्चा खोलते हुए कैबिनेट विस्तार की मांग तेज कर दी है. ऐसे में अब गहलोत के सामने पायलट गुट को संतुष्ट करने के अलावा एक और गुट को संतुष्ट करने की चुनौती सामने आ गयी है.

दरअसल निर्दलीय और बसपा से कांग्रेस में आए ये विधायक एक तरफ़ तो गहलोत सरकार के साथ खड़े रहने की बात कर रहे हैं तो वहीं दूसरी ओर कैबिनेट में हिस्सेदारी के साथ उसकी क़ीमत भी चाहते हैं. एक निर्दलीय विधायक ने कहा, ‘हम सरकार के साथ खड़े हैं और साथ रहेंगे। अन्य निर्दलीय विधायकों और बीएसपी से कांग्रेस में आए 6 विधायकों से बातचीत के बाद हम एक प्रस्ताव पारित करेंगे और कांग्रेस पार्टी को उसकी ओर से किए गए वादों की याद दिलाएंगे.’

ग़ौरतलब है कि अब गहलोत सरकार के सामने बड़ी चुनौती ये हैं कि वो किस गुट के लिए झुकते हैं. वहीं एक गुट की तरफ़ झुकने से दूसरा गुट नाराज़ हो सकता है और बाग़ी हो सकता है. जिससे सरकार पर ख़तरे के बादल मंडरा सकते हैं. गहलोत सरकार पर दवाब बढ़ाने के लिए अब बसपा के 6 और 13 निर्दलीय विधायकों ने 23 जून को मीटिंग करने का फ़ैसला लिया है.