मोदी और शाह मिला अब तक का सबसे बड़ा राजनीतिक धोखा

अभी के दिनों में हम लोग देखते रहते है कि किस तरह से भारतीय जनता पार्टी बहुत ही ज्यादा तेजी के साथ में आगे बढ़ रही है और इस दल के सामने खड़े होने की हिम्मत भी कोई नही कर रहा है. जिस तरह से बीजेपी ने अपने आपको काफी ज्यादा उभारा है वो बहुत ही शानदार ही कहा जा सकता है. खैर जो भी है चाहे कोई कितना ही बड़ा हो उसे वहां पर उतना ही बड़ा धोखा देने वाला मिल जता है और ऐसा हीक उच्च भाजपा के साथ में भी हो रहा है.

पहले मुकुल रॉय ने बीजेपी को छोड़ा, अब दिलीप घोष का नाम भी चर्चा में
भाजपा को बंगाल में धोखे पर धोखा मिल रहा है. वो नेता जिनके लिए बीजेपी ने बहुत कुछ किया, जिनको बीजेपी ने खूब बड़ा किया उन पर पैसा खर्च किया और जिनको सुरक्षा भी मुहैया करवाई गयी उन सभी ने मौक़ा मिलते ही बीजेपी को छोड़ना शुरू कर दिया है. अभी आपको मालूम हो तो मुकुल रॉय ने भारतीय जनता पार्टी को मुकुल रॉय ने छोड़ दिया था और वो फिर से टीएमसी के पक्ष में चले गये है. इसके बाद में अब बीजेपी नेता दिलीप घोष का नाम भी चर्चा में आ गया है.

ये सब वही नेता है जिनके ऊपर मोदी और शाह ने सबसे ज्यादा भरोसा किया और एक तरह से बंगाल का चुनाव भी इन लोगो के भरोसे ही लड़ा था और आगे चलने के लिए भी पार्टी की लगभग पूरी पॉवर इन लोगो के हाथो में सौंप दी थी. मगर जब बीजेपी चुनाव हार गयी तो मौक़ा पड़ते ही मोदी और शाह को अकेला छोडकर के ये लोग टीएमसी में ममता के पास में जाकर के बैठ गये.

ये भाजपा को एक तरह से सबक मिलने के जैसा है क्योंकि किसी ने भी ये उम्मीद तो बिलकुल भी नही थी कि इस तरह से जिनको ये सम्मान दे रहे है वो ही ऐसा करेंगे. एक बात ये भी तो है कि भाजपा को अब अपने खुदके कार्यकर्ताओं पर भरोसा करना सीखना चाहिए.