पैतृक गाँव पहुंचे राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, मिलेंगे अपने कई पुराने परिचितों से

कोई भी व्यक्ति चाहे कितनी भी कामयाबी की बुलंदियों पर पहुंच जाये लेकिन वो अपने जन्मभूमि को नहीं भुला पता है. अपने जन्मभूमि के प्रति एक विशेष प्रेम हर व्यक्ति को जोड़े रखती है. जन्मभूमि एक विशेष पहचान देती है. इसी जन्मभूमि के प्रेम ने आज राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद को अपने पैतृक गाँव खीच लाया है. बता दें कि राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद इस समय अपने पैतृक गाँव का दौरा कर रहे हैं.

आज सुबह यानि रविवार को राष्ट्रपति जी उत्तर- प्रदेश के कानपुर जिले के परौंख गाँव में पहुंचे है. यहाँ पर उनका स्वागत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने किया है. राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद अपने पैतृक गाँव पहुंच कर बहुत ही अधिक भावुक हुए. बता दें कि रामनाथ कोविंद ने अपने जन्मभूमि के प्रति सम्मान जताते हुए जैसे ही हेलीकॉप्टर से उतरे वैसे हे सबसे पहले उन्होंने जन्मभूमि की मिट्टी को अपने माथे पर लगाया.

इस शुभ अवसर पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने ट्वीट के माध्यम से बताया कि माँ और जन्मभूमि स्वर्ग से भी बढ़ कर हैं. आगे ट्वीट में लिखा कि जन्मभूमि से जुड़े ऐसे ही आनंद और गौरव को व्यक्त करने के लिए संस्कृत काव्य कहा गया है कि जननी जन्मभूमिश्च स्वर्गादपि गरीयसी. अर्थात जन्म देने वाली माता और जन्मभूमि का गौरव स्वर्ग से भी बढ़ कर है. वहीं एक दुसरे ट्वीट में एक फोटो शेयर की गई जिनमें वह अपनी जन्मभूमि को नमन करते हुए नजर आ रहें हैं. इसी के साथ रामनाथ कोविंद अपने पैतृक गाँव के कई कार्यक्रमों में हिस्सा लेंगे और अपने पुराने परिचितों से मिलेंगे.