गृहमंत्री ने पुलिस अधिकारीयों को दी ये नसीहत

यूं ही नहीं गृहमंत्री अमित शाह को रणनीतिक और राजनीतिक मामलों के लिए उनकी पार्टी के कार्यकर्ता और प्रशंसक उन्हें ‘चाणक्य’ कहते हैं. गृहमंत्री अमित शाह इस बात पर विशेष ध्यान देते हैं कि देश में क्या अच्छा हो रहा और क्या बुरा और समय रहते ही किसी भी बुरे कार्य के लिए चेता देते हैं. इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए गृहमंत्री अमित शाह ने बीते दिन गुरुवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भारतीय पुलिस सेवा के 72 वें बैच के परिवीक्षाधीन अधिकारीयों से संवाद किया था.

आपको बता दें कि गृहमंत्री अमित शाह संबोंधन के समय कई जरूरी मुद्दों पर विस्तार से बात करते हुए भारतीय पुलिस सेवा IPS अधिकारीयों को उनकी जिम्मेदारी का एहसास भी करवाया है. गृह मंत्री अमित शाह ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि आईपीएस अधिकारी पब्लिसिटी से बचें. अमित शाह का कहना है कि पब्लिसिटी के कारण कई कार्य रुक जाते हैं. सोशल मीडिया की दुनिया में ऐसा करना मुश्किल हो सकता है. लेकिन आप सभी को पब्लिसिटी छोड़कर अपने ड्यूटी पर फोकस करना चाहिए.

Amit Shah

गृहमंत्री अमित शाह ने अपील करते हुए कहा कि आप अपनी एक डायरी बनाएं और दिन के अंत में प्रतिदिन इस बात का अध्ययन करें कि आप का कार्य सिर्फ पब्लिसिटी के लिए था या फिर सही मायने में समाज के लिए मदद भी हुई है. आईपीएस अधिकारीयों को सम्बोधित करते हुए गृह मंत्री अमित शाह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन से अवगत कराते हुए कहा कि व्यवस्था तभी बदली जा सकती जब उसकी मशीनरी को आज की आवश्कताओं के अनुसार प्रशिक्षित किया जाये. अमित शाह ने आगे कहा कि आईपीएस अधिकारीयों को कभी भी ड्यूटी के समय में निष्क्रिय नहीं होना चाहिए. बल्कि उन्हें सही संतुलन बनाते हुए न्यायपूर्ण कार्य पर जोर देना चाहिए. इसी के साथ ही पुलिस की छवि में सुधार के लिए कहा कि “संवाद और संवेदना” जरूरी है. इसलिए सभी पुलिसकर्मियों को संवेदनशील बनाने के साथ ही जनता के साथ संवाद जनसंपर्क बढ़ाने की आवश्यकता है.