पोस्टमास्टर की दरियादिली, कंकड़ीले पहाड़ और नदी पार कर 110 साल की बुजुर्ग महिला तक पहुंचाई पेंशन

आजकल देश में बढ़ते भ्रष्टाचार को देखते हुए हर तीसरे की जुबान से सिर्फ एक ही शब्द निकलता है और वो है देश में इंसानियत नाम की तो चीज ही नहीं रह गई है लेकिन तमिलनाडु के एक शख्स ने लोगों को झुठलाकर यह साबित कर दिया है कि, देश में आज भी इंसानियत जिंदा है बस देखने की नजर होनी चाहिए.

दरअसल, तमिलनाडु के रहने वाले एक शख्स जो कि इंडिया पोस्ट में नौकरी करते हैं. ये पेशे से पोस्ट मास्टर हैं. इन्होंने एक ऐसा काम किया है जिसकी लोग जमकर तारीफ कर रहे हैं. आपको बता दें कि पोस्ट मास्टर का नाम एस. क्रिस्टूराजा है. इनकी उम्र लगभग 55 वर्ष है. इन्होंने एक बुजुर्ग महिला तक पेंशन पहुंचाने के लिए कड़ी मेहनत की है.

मिली जानकारी के मुताबिक, करीब 5 साल पहले कलेक्टर वी. विष्णु इंजीखुजी एक ट्राइबल गांव गए थे, यह गांव टाइगर रिजर्व के पास में ही है. यहां कलेक्टर की मुलाकात 110 साल की बुजुर्ग महिला कुट्टीयाम्मल से हुई और उन्होंने कलेक्टर साहब से कहा कि पेंशन समय से नहीं मिलती है.

आपको बता दें कि, बुजुर्ग महिला से पेंशन के बारे में सुनने के बाद कलेक्टर साहब ने बुजुर्ग महिला से वादा किया की अब से उन्हें समय पर पेंशन मिल जाएगी. वहीं, गांव से निकलने के बाद कलेक्टर ने लोकल प्रशासन को निर्देश दिया कि वह इंडिया पोस्ट ऑफिस के जरिए बुजुर्ग महिला को हर महीने पेंशन दें. बताते चलें कि पेंशन पहुंचाने की जिम्मेदारी पोस्टमास्टर के ऊपर आई जिसे वह पूरी लगन के साथ निभा रहें हैं.

बता दें कि पोस्टमास्टर एस. क्रिस्टूराजा हर महीने के पहले रविवार को पेंशन पहुंचाने के लिए निकल जाते हैं. इस बीच रास्ते में उन्हें कई कंकड़ीले पहाड़ और नदी का भी सामना करना पड़ता है लेकिन वह बुजुर्ग महिला से किए हुए वादे को निभाने में कोई भी कसर नहीं छोड़ते हैं.