'भाग मिल्खा भाग' फिल्म के लिए सोनम कपूर ने ली थी इतनी फीस, फिल्ममेकर राकेश ओमप्रकाश मेहरा ने किया खुलासा

सोनम कपूर सोनम कपूर 

बॉलीवुड एक्ट्रेस सोनम कपूर (Sonam Kapoor) ने 'भाग मिल्खा भाग' (Bhaag Milkha Bhaag) फिल्म के लिए सिर्फ 11 रुपए फीस ली थी। यह हम नहीं कह रहे हैं बल्कि फिल्म मेकर राकेश ओमप्रकाश मेहरा (Rakeysh Omprakash Mehra) ने अपनी किताब में इस बात का खुलासा किया है। इस फिल्म में सोनम कपूर ने बारो का किरदार निभाया था, जिसे लेकर उनकी काफी तारीफ हुई थी।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, फिल्ममेकर राकेश ओमप्रकाश मेहरा ने अपनी ऑटोबायोग्राफी (Autobiography) 'द स्ट्रेंजर इन द मिरर' (The Stranger in the Mirror) में अपनी फिल्म 'भाग मिल्खा भाग' का जिक्र किया है। जिसमें उन्होंने सोनम कपूर की फीस के बारे में भी बताया है। सोनम कपूर ने पहले उनके साथ  दिल्ली 6 में काम किया और इसके बाद 'भाग मिल्खा भाग' में काम किया। फ्लाइंग सिख मिल्खा सिंह की बायोपिक फिल्म में सोनम कपूर ने भले ही बड़ा रोल न निभाया हो लेकिन वह अपने लुक को लेकर चर्चा में छाई रही थीं और उनके किरदार को काफी सराहा भी गया था। फिल्ममेकर ने अपनी किताब में लिखा है कि सोनम कपूर बायोपिक फिल्म में 'बीरो' का किरदार निभाने के लिए पूरी तरह तैयार थीं और उन्होंने फीस के बदले में केवल 11 रुपए ही  लिए थे।

वहीं राकेश ने कहा है कि सोनम कपूर जब भी पर्दे पर आती थीं तो अपनी छाप छोड़ जाती थीं। फिल्म से जुड़ी सोनम कपूर की खास यादें हैं। वह कहती थीं कि ''मैं फिल्म में स्प्रिंकल हूं।'' आज के समय में लीडिंग एक्ट्रेस ऐसे रोल नहीं करती हैं। फिल्म मेकर ने  सोनम की तारिफ करते हुए लिखा -  ''सोनम समझ गईं थी कि ये फिल्म कोई लव स्टोरी नहीं है।  जब ओमप्रकाश मेहरा से सोनम की फीस के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि फिल्म में उनकी स्पेशल अपीयरेंस है और उन्होंने 11 रुपये फीस लेने का फैसला किया है।''

कब रिलीज हुई थी फिल्म 

'भाग मिल्खा भाग' (Bhaag Milkha Bhaag) फिल्म 11 जुलाई 2013 को फिल्म पर्दे पर रिलीज हुई थी। इस फिल्म को डायरेक्टर राकेश ओम प्रकाश मेहरा ने किया था। यह फिल्म फ्लाइंग सिख मिल्खा सिंह की बायोपिक फिल्म थी। जिसमें फरहान अख्तर लीड रोल में नजर आएं थे। फिल्म में सोनम कपूर ने उनकी गर्लफेंड का किरदार निभाते हुए नजर आई थीं। सोनम का रोल इस फिल्म में काफी कम रहा लेकिन इसके बाद भी उनकी एक्टिंग को काफी सराहा गया था।