मोदी सरकार ने खेल रत्न पुरस्कार में से राजीव गांधी का नाम हटाया, अब मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार होगा नाम, कांग्रेस को लग सकती है मिर्ची

प्रधानमंत्री नरेंन्द्र मोदी ने हाल ही में घोषणा की है कि अब खेल रत्न पुरस्कार का नाम मेजर ध्यानचंद्र रखा जाएगा. पीएम मोदी ने कहा कि भारत भर के नागरिकों के अनुरोध पर खेल पुरस्कार का नाम खेल पुरस्कार पर मेजर ध्यानचंद्र रखा जाएगा. मैं भारतीय के विचारों की भावना का सम्नान करता हू मैं,उनका धन्यवाद करता हूं.अब खेल रत्न पुरस्कार को मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार कहा जाएगा.

देश को गर्व करने वाले पलों में भारतवासियों का ये आग्रह सामने आया है कि खेल पुरस्कार का नाम मेजर ध्यानचंद को समर्पित किया जाए. लोगों की भावनाओं का ध्यान रखते हुए अब केल पुरस्कार का नाम मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार किया जा रहा है.

पीएम ने ट्टीट कर आगे कहा है कि ओलंपिक खेलों में भारतीय खिलाड़ियों के शानदार प्रयासों से हम सभी अभिभूत हैं।  खासकर हॉकी में हमारी देश के बेटे बेटियों ने जो इच्छाशक्ति दिखाई है वो वाकाई हमारी आने वाली पीढियों के लिए एक बड़ी बड़ी प्रेरणा की बात है.

बता दें कि  भारतीय पुरुष हॉकी टीम के ओलिंपिक खेलों के सेमीफाइनल में पहुंचते ही लोगों के मन में ध्यनचंद का नाम सामने आने लगा है. इसीलिए लोग अब ट्टिटर पर उन्हें भारत रत्न देने की मांग कर कर रहे है, वहीं कुछ लोगों ने ये भी कहा है कि हॉकी के जादुर ध्यनचंद को वाकाई सम्मान देना चाहते हैं तो खेल रत्न का नाम  मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार होना चाहिए.

आपको बता दें कि अभी खेल रत्न पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के नाम पर हैं, लेकिन अब पीएम मोदी ने इसे हटाकर ध्यानचंद का नाम दे दिया है तो जाहिर सी बात है काग्रेस को इस नाम पर मिर्ची लग सकती है.