KBC 13: शो के कंटेस्टेंट देशबंधु पांडे को रेलवे से मिला झटका, डिपार्टमेंट ने इस वजह से कर्मचारी को सौंपा नोटिस, 3 साल का इंक्रिमेंट भी रोका

कौन बनेगा करोड़पति 13: देशबंधु पांडे और अमिताभ बच्चन

कौन बनेगा करोड़पति 13: देशबंधु पांडे और अमिताभ बच्चन

सोनी टीवी का सबसे चर्चित क्विज़ शो 'कौन बनेगा करोड़पति 13' (Kaun Banega Crorepati 13) ऑनएयर हो चुका है। शो के ऑनएयर होनें के साथ ही इस शो के चर्चे भी होनें लगे हैं। 'केबीसी' (KBC) कई लोगों को उनके सपने पूरे करने की राह है तो बहुत से लोग इस शो में सिर्फ इसके होस्ट और बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) से मिलने ही चले आते हैं। लेकिन रेलवे के एक कर्मचारी को अपने इस सपने को पूरा करने के लिए डिपार्टमेंट ने उन्हें नोटिस थमा दिया है। कोटा के देशबंधु पांडे (Desh Bandhu Panday)  रेलवे के एक अधिकारी है जिन्होंने केबीसी 13 में जाकर के 3,40,000 रुपयों की ईनामी राशी जीती है जिसके बाद से वो आफत में पड़ चुके हैं।

'केबीसी' में ईनाम जीतने के बाद देशबंधु के डिपार्टमेंट ने उन्हें चार्जशीट थमा दी है। इसके साथ ही 3 साल तक के लिए उनका इंक्रिमेंट भी रोक दिया है। तो अब रेलवे प्रशासन की इस कार्रवाई के खिलाफ मजदूर यूनियन खड़ा हो गया है। वेस्ट सेंट्रल रेलवे मजदूर यूनियन (West Central Railway Mens Union) का कहना है कि प्रशासन ने ये ठीक नहीं किया है और यूनियन देशबंधु पांडे के लिए न्याय की लड़ाई लड़ेगा। इस मामलें की शुरुआत तब हुई जब 9-13 अगस्त के बीच देशबंधु अपनी ड्यूटी पर न पहुंच के केबीसी खेलने के लिए मुंबई पहुंच गये। इस बात के लिए देशबंधु ने अपने डिपार्टमेंट में छुट्टी की अर्ज़ी दी थी, लेकिन उनकी लीव एप्लीकेशन पर कोई विचार नहीं किया गया। जिसके बाद देशबंधु बिना छुट्टी मिले ही मुंबई पहुंच गए।

छुट्टी की मंज़ूरी लिए बग़ैर मुंबई पहुंचे देशबंधु पर रेलवे ने एक्शन लिया है। रेलवे ने उन्हें इसके लिए एक चार्जशीट थमा दी है। इस चार्जशीट में लिखा है कि छुट्टी की मंजूरी मिले बग़ैर ही आप 9 से 13 अगस्त तक ड्यूटी पर नहीं आए। आपका ये बर्ताव काम के प्रति आपकी लापरवाही को जाहिर करता है। जिसके कारण आप पर कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही देशबंधु की सैलरी पर मिलने वाले इंक्रिमेंट को भी 3 साल तक के लिए रोक दिया गया है। इस बात को लेकर देशबंधु और उनका परिवार परेशान है। ये चार्जशीट उन्हें 18 तारीख़ को जब वह मुंबई से वापस लौटकर आए तब दी गयी है। लेकिन रेलवे यूनियन के सदस्य देशबंधु के समर्थन में है। वहीं यूनियन के मंडल सचिव अब्दुल खालिद का कहना है कि जब उचित कारण हो तो कर्मचारी को छुट्टी जरूर दी जानी चाहिए और रेलवे प्रशासन ने उनके साथ अच्छा नहीं किया है।