आर्यन ड्रग्स केस में फरार किरण गोसावी के सहयोगी का दावा, समीर वानखेड़े से है जान का खतरा, Blank Paper पर हस्ताक्षर से उठे ये 4 सवाल

मुंबई क्रूज ड्रग्स केस में शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान (Shahrukh Khan's son Aryan Khan in Mumbai cruise drugs case) को गिरफ्तार करने वाले किरण गोसावी के सहयोगी या कहे बॉडीगार्ड प्रभाकर सेल ने नारकोटिक्स ड्रग्स ब्यूरो (NCB) पर गंभीर आरोप लगाया है और साथ ही समीर वानखेड़े (Sameer Wankhede) से जान का खतरा बताया है। गोसावी वहीं शख्स है, जिसकी आर्यन के साथ हिरासत के दौरान एनसीबी ऑफिसर के तौर पर तस्वीर वायरल हुई थी।

प्रभाकर का कहना है कि वह क्रूज रेड के बाद होने वाली प्लानिंग और ड्रामे का गवाह है। उसने गोसावी को सैम नाम के शख्स से एनसीबी के दफ्तर के पास मिलते देखा था। प्रभाकर ने कहा कि उसे एनसीबी जोनल डायरेक्टर समीर वानखेड़े से जान का खतरा है। अभी केपी गोसावी लापता है।

इंडिया टूडे से बातचीत के दौरान कहा कि वह गोसावी के बॉडीगार्ड के तौर पर काम करता था। नोटरीकृत हलफनामे में कहा कि वह रेड वाली रात गोसावी के साथ था और उससे एक खाली पेपर पर पंचनामा के तौर हस्ताक्षर किए थे। साथ ही उसने बताया कि उसे इस जब्ती के बारे में जानकारी नहीं थी। उन्होंने हलफनामे में कहा कि उसने सैम और गोसावी को एनसीबी ऑफिस के पास मिलते हुए देखा था।

प्रभाकर ने यह भी बताया कि रेड के दौरान कुछ वीडियो और तस्वीरों को सोच समझकर शूट किया गया था। एक वीडियो में, गोसावी को आर्यन खान से अपने फोन पर किसी से बात करते हुए देखा जा सकता है। ऐसे में प्रभाकर के द्वारा लगाए गए आरोपों के कई तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं।

1. एनसीबी ने दावा किया कि गोसावी एक स्वतंत्र गवाह था। एक स्वतंत्र गवाह को छापेमारी तक कैसे पहुंच मिली।

2. खाली पंचनामा पर हस्ताक्षर करने के लिए क्यों बनाया गया था।

3. आर्यन खान ने गोसावी के फोन पर किससे बात की? बातचीत क्या थी।

4. सैम कौन है।