कांग्रेस नेता हरीश रावत ने कैप्टन और अमित शाह की मुलाकात पर किया संदेह

पंजाब में चल रही सियासी जंग पर पंजाब कांग्रेस के प्रभारी हरीश रावत ने पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह पर तीखी बयान दिया है.हरीश रावत ने शायराना अंदाज में कहा कि कुछ तो मजबूरियां रही होंगी, यूं ही कोई बेवफा नहीं होता. इसके साथ ही हरीश रावत बोले कि यदि सेक्युलर अमरिंदर यदि नॉन सेक्युलर बीजेपी के साथ खड़े होंगे तो अपने लिए ही नुकसान उठाएंगे.

हरिश रावत ने  कैप्टन अमरिंदर सिंह और अमित शाह की मुलाकात पर संदेह किया है और कहा है कि इन दोनों के बीच कुछ तो खिचड़ी पक रही है. दरअसल शुक्रवार को एक प्रेंस कांफ्रेंस में हरीश रावत ने कैप्टन के खिलाफ तीखी बयानबाजी करते हुए कहा कि कैप्टन किसान विरोधी बीजेपी सरकार की मददगार ना बनें. पार्टी नें आपका कोई अपमान नहीं किया है.

इतना ही नहीं हरीश रावत ने ये भी कहा कि CLP बैठक से पहले मैं तीन दिनों तक अमरिंदर सिंह से मिलने की कोशिश करता रहा, लेकिन वह नहीं मिले.’ बता दें कि गुरूवार को कैप्टन ने साफ-साफ बयान दिया था कि वे कांग्रेंस पार्टी को छोड़ देंगे जिसके चलते सियासी हलचल मची हुई है. खास बात तो ये है कि उन्होंने ये बात अमित शाह से मुलाकात करने के बाद अगले दिन ही ये बात कहीं थी तो सभी अंदाजा यही लगा रहे हैं कि ये बीजेपी में शामिल होने वाले हैं लेकिन इसके साथ उन्होंने ये भी कहा कि वे कांग्रेस में भी नहीं रहेंगे साथ ही बीजेपी में भी नहीं शामिल होंगे.

अमित शाह और अपनी मुलाकात को लेकर कहा था कि उन्होंने सिर्फ बीजेपी से किसान आंदोलन के मुद्दे पर चर्चा की थी.